शसकीय कुसुम महाविद्यालय में मनाया गया विश्व हिंदी दिवस

सिवनी मालवा। शासकीय कुसुम स्नातकोत्तर महाविद्यालय के हिंदी विभाग द्वारा विश्व हिंदी दिवस के अवसर पर हिंदी पारंपरिक ज्ञान से कृत्तिम बुद्धिमत्ता विषय पर व्याख्यान माला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ प्राचार्य डॉ. राजेश कुमार रघुवंशी, डॉ. ए. के. यादव, प्रो. एस. के अग्रवाल ने माँ सरस्वती का पूजन, अर्चन, दीप प्रज्ज्वलित कर, पुष्प हार अर्पित कर कियाl कार्यक्रम में प्रो. एस. के. अग्रवाल ने अपने व्याख्यान में कहा कि यूरोपीय लोग अच्छी अंग्रेजी जानते है लेकिन बोलते अपनी मातृभाषा में ही हैl नवनीत सोनारे ने हिंदी के विकास में देश की मजबूत क्रय शक्ति को प्रमुख बताया l हिंदी विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. रमाकान्त सिंह ने विश्व हिंदी दिवस के इतिहास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि प्रसिद्ध लेखक सुरेश चंद शुक्ला द्वारा यूरोपीय देश नार्वे में जलाया गया नन्हा दीपक आज प्रखरता से प्रज्ज्वलित हो कर पुरे विश्व में हिंदी आभा एवं प्रभा को विस्तारित कर रहा है l
हिंदी पारम्परिक ज्ञान से लेकर आज कृत्तिम बुद्धिमत्ता के अग्रणी प्लेटफार्म अलेक्सा, सिरि, कोर्टेजा के रूप में अपनी विजय पताका फहरा रही हैl कार्यक्रम का संचालन डॉ. प्राची सिंह द्वारा किया गया। कार्यक्रम के अंत में हिंदी का वैश्विक स्तर पर बढ़ता प्रभाव विषय पर निबंध प्रतियोगिता आयोजित की गयी l कार्यक्रम में महाविद्यालय के समस्त शैक्षणिक स्टॉफ एवं छात्र, छात्रा उपस्थित रहें l



